उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के मद्देनजर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने एक बड़ा राजनीतिक दांव चला है और गुरुवार को भगवान विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर बोलते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि आज पूरा देश भगवान विश्वकर्मा को याद कर रहा है। उन्होंने भगवान विश्वकर्मा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि उन्होंने न केवल इस सृष्टि की रचना की, बल्कि द्वारिकापुरी का निर्माण भी उन्हीं के द्वारा किया गया था। अखिलेश यादव ने घोषणा की कि यदि उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार वापस आती है, तो भगवान विश्वकर्मा की जयंती पर प्रदेश में सार्वजनिक अवकाश घोषित किया जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने रिवर फ्रंट पर भगवान विश्वकर्मा के एक भव्य मंदिर के निर्माण का भी संकल्प लिया।
विश्वकर्मा समाज के लिए विशेष बजट और सहयोग
पूर्व मुख्यमंत्री ने केवल धार्मिक घोषणाएं ही नहीं कीं, बल्कि विश्वकर्मा समाज के आर्थिक उत्थान के लिए भी अपनी योजनाएं साझा कीं। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी की सरकार आने पर विश्वकर्मा समाज के कारीगरों के उत्पादों और उनके बाजार के विस्तार के लिए विशेष सहयोग दिया जाएगा। इसके लिए सरकार एक विशेष बजट का प्रावधान करेगी ताकि इन कारीगरों के उत्पादन को बढ़ावा मिल सके और उन्हें उचित बाजार मिल सके। अखिलेश यादव ने जोर देकर कहा कि उनकी सरकार कारीगरों के हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध रहेगी।
एक्सप्रेसवे की गुणवत्ता पर तीखा हमला
अखिलेश यादव ने बुनियादी ढांचा परियोजनाओं की गुणवत्ता को लेकर भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। विशेष रूप से कानपुर एक्सप्रेसवे का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि जिस एक्सप्रेसवे पर काम हो रहा था, उस पर भाजपा के लोग पहले तमाम तरह की बातें करते थे, लेकिन अब लगातार उस सड़क के टूटने की खबरें आ रही हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि प्रधानमंत्री ने जिस एक्सप्रेसवे का उद्घाटन किया था, उसे अभी भी सही किया जा रहा है। यादव ने कहा कि जिस गुणवत्ता के साथ निर्माण होना चाहिए था, वैसा नहीं हुआ, इसीलिए उस पर अभी भी मरम्मत का काम चल रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा की नकल करके पूर्वांचल एक्सप्रेसवे शुरू किया गया, लेकिन उसकी हालत ऐसी है कि अगर लोग थोड़ी भी रफ्तार पकड़ लें तो उन्हें अस्पताल जाना पड़ सकता है। उन्होंने मुख्यमंत्री पर अपने एक्सप्रेसवे में भी गोरखधंधा होने देने का आरोप लगाया और कहा कि लिंक एक्सप्रेसवे अभी भी अधूरा है और वह 6 लेन के बजाय केवल 4 लेन का ही है।
भ्रष्टाचार और आर्थिक नीतियों पर निशाना
योगी सरकार पर निशाना साधते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि जितनी लूट और भ्रष्टाचार भाजपा सरकार में है, उतना किसी और सरकार में नहीं रहा। उन्होंने दावा किया कि सरकार कह रही है कि उसे पैसा जमा करने के लिए सरकारी संपत्तियां बेचनी पड़ेंगी। उन्होंने अंसल हाईटेक सिटी में बड़े घोटाले और गोलमाल का जिक्र करते हुए कहा कि संपत्तियों को कैसे बर्बाद किया जाए और कैसे हथिया लिया जाए, इस पर काम चल रहा है और यूपीआई ट्रांजैक्शन पर लगने वाले शुल्क को लेकर उन्होंने कहा कि सरकार ने 5 ट्रिलियन डॉलर इकॉनमी का सपना दिखाया था, लेकिन अब ट्रांजैक्शन पर चुंगी लगाने का काम कर रही है। उन्होंने कहा कि अब किसी भी लेनदेन पर जनता को चुंगी देनी होगी और सरकार के पास महंगाई का कोई जवाब नहीं है। अखिलेश ने अंत में कहा कि आईटीआई में नौकरी के लिए बच्चे लंबे समय से इंतजार कर रहे हैं और सपा सरकार बनने पर उनके लिए रोजगार के रास्ते खोले जाएंगे।
