अमेरिका और क्यूबा के बीच बढ़ते कूटनीतिक और सैन्य तनाव के बीच अमेरिकी नौसेना का विशालकाय विमानवाहक पोत यूएसएस निमिट्ज अपने पूरे स्ट्राइक ग्रुप के साथ कैरेबियन सागर में पहुंच गया है। अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट 'द हिल' के अनुसार, यह सैन्य तैनाती ऐसे समय में हुई है जब राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने क्यूबा के प्रति बेहद सख्त रुख अपनाया है और भविष्य में कड़ी कार्रवाई करने की चेतावनी दी है। कैरेबियन और लैटिन अमेरिका में अमेरिकी सैन्य अभियानों का संचालन करने वाले अमेरिकी दक्षिणी कमान (Southcom) ने बुधवार को इस महत्वपूर्ण तैनाती की आधिकारिक पुष्टि की है।
दक्षिणी कमान का आधिकारिक बयान
अमेरिकी दक्षिणी कमान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर इस तैनाती के उद्देश्यों को साझा किया। कमान ने बताया कि यूएसएस निमिट्ज ने ताइवान जलडमरूमध्य से लेकर अरब की खाड़ी तक दुनिया के विभिन्न हिस्सों में अपनी सैन्य शक्ति का लोहा मनवाया है। इस जहाज की भूमिका क्षेत्रीय स्थिरता बनाए रखने और लोकतंत्र की रक्षा करने में अत्यंत महत्वपूर्ण रही है। इस शक्तिशाली बेड़े में निमिट्ज श्रेणी का मुख्य विमानवाहक युद्धपोत शामिल है, जिसके साथ आधुनिक लड़ाकू विमानों का दस्ता भी तैनात है। इसमें F/A-18E सुपर हॉर्नेट लड़ाकू विमान, EA-18G ग्रोलर इलेक्ट्रॉनिक युद्धक विमान और C-2A ग्रेहाउंड विमान शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, आरले बुर्के श्रेणी का विध्वंसक पोत यूएसएस ग्रिडली और ईंधन आपूर्ति करने वाला जहाज यूएसएनएस पाटुक्सेंट भी इस बेड़े का हिस्सा हैं।
युद्धपोत का इतिहास और हालिया गतिविधियां
यूएसएस निमिट्ज अमेरिकी नौसेना के सबसे पुराने और अनुभवी युद्धपोतों में से एक है, जिसे वर्ष 1975 में सेवा में शामिल किया गया था। कैरेबियन सागर में पहुंचने से पहले इस युद्धपोत ने ब्राजील की नौसेना के साथ रियो डी जनेरियो के तट के पास एक संयुक्त नौसैनिक अभ्यास में हिस्सा लिया था। इस अभ्यास की जानकारी ब्राजील स्थित अमेरिकी दूतावास द्वारा साझा की गई थी। वर्तमान में इस युद्धपोत की तैनाती को क्यूबा पर दबाव बनाने की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है। इसी दौरान राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने स्पष्ट किया कि उनकी सरकार क्यूबा की हर गतिविधि पर पैनी नजर रखे हुए है।
राउल कास्त्रो पर आरोप और राजनीतिक प्रतिक्रिया
ट्रंप का यह बयान उस समय आया है जब अमेरिकी न्याय विभाग ने क्यूबा के पूर्व राष्ट्रपति राउल कास्त्रो पर हत्या सहित कई गंभीर आपराधिक आरोप लगाए हैं। यह पूरा मामला वर्ष 1996 का है, जब अंतरराष्ट्रीय समुद्री क्षेत्र में दो नागरिक विमानों को मार गिराया गया था, जिसमें 4 लोगों की जान चली गई थी। ट्रंप ने इस घटनाक्रम को एक बड़ा क्षण बताते हुए कहा कि यह न केवल क्यूबा-अमेरिकियों के लिए बल्कि उन सभी लोगों के लिए महत्वपूर्ण है जो क्यूबा से आकर अमेरिका में बसे हैं और दूसरी ओर, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने स्पेनिश भाषा में क्यूबा की जनता को संबोधित किया। उन्होंने क्यूबा पर लगाए गए अमेरिकी ईंधन प्रतिबंधों का पुरजोर समर्थन किया और वहां हो रही लगातार बिजली कटौती के लिए क्यूबा की कम्युनिस्ट सरकार की नीतियों को जिम्मेदार ठहराया।
